Attitude Shayari in Hindi

Yeh Mat Samajh Tere Kabil Nahi Hain Hum, Tadap Rahe Hain Woh Jinhein Haasil Nahi Hain Hum.


जंगल मैं शेर से और शहर मैं हम से बच के रहना शेर तो सिर्फ फाडते है मगर हम बिच रस्ते मैं गाडते हैं.


बारुद जैसी है मेरी शक्शीयत .. जहा से गुजरता हुं, लोग जलना शुरु कर देते हैं……


#Husband वाली #Feeling आ जाती है, जब कोई #लड़की #Acha_ji कहे कर बात #करती है..


#जंगल मे जब #शेर चैन कि #नींद सोता है, तो #कुत्तो को #गलतफेमी हो #जाती हे #कि, इस जंगल मे #अपना #राज है …


हमारी गोली जान नही लेती बोस,, दुसरो के अन्दर जानवर जगा देती हे ।


वो पगली पूरी #life अपनी #image बनाने में रह गई .. और हम पूरी #gallary बना गए.


शायरी का बादशाह हुं और कलम मेरी रानी, अल्फाज़ मेरे गुलाम है, बाकी रब की महेरबानी ।


जिंदगीमें बडी शिद्दत से निभाओ अपना किरदार, कि परदा गिरने के बाद भी तालीयाँ बजती रहे….।।


Humko aajmane ki zurrat kisi ki, Hum khud apna taqdeer likhte hai, Khuda ke likhawat ko badalna to hamari fitrat hai, Haar ko jeet mein badal kar hatho ki lakeer badalte hai.


आँख उठाकर भी न देखूँ, जिससे मेरा दिल न मिले, जबरन सबसे हाथ मिलाना, मेरे बस की बात नहीं.


बादशाह नहीं बाजीगर से पहचानते है लोग ,, “……क्यूकी…….” हम रानियो के सामने झुका नहीं करते….!!


शेर खुद अपनी ताकत से राजा केहलाता है; जंगल मे चुनाव नही होते.. ।।


#किसीका_देखकर #सिखा_नही और#किसीके_आगे #झुका_नही, बस#यही_पहचान है#अपनी।।


Sanam Teri Nafrat Mein Wo Dam Nahi, Jo Meri Chahat Ko Mita De, Ye Mohabbat Hai Koi Khel Nahi, Jo Aaj Hans Ke Khela Aur Kal Ro Ke bhula de.


क्या करे बुरी आदत हे हमारी ,, नर्क के दरवाजे के सामने खड़े होकर पाप करते हे !!


आहिरों का बस यही अंदाज हे , जब आते हे तो गरमी अपने आप बढ़ जाती हे ।


दुनिया दारी की चादर ओड़ के बैठे हैं.. पर जिस दिन दिमाग सटका ना तो इतिहास भी बदल देंगे..


कमज़ोर पड़ गया है मुझसे तुम्हारा ताल्लुक या कहीं और सिलसिले मजबूत हो गए हैं